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असम-अरुणाचल प्रदेश के लोगों में फिर टकराव, मारपीट और पथराव में कई घायल

Updated: Thu, 13 Aug 2026 11:58 PM (IST)

असम-अरुणाचल प्रदेश सीमा पर फिर से हिंसा भड़क उठी, जिसमें धेमाजी जिले में दोनों राज्यों के लोगों के बीच मारपीट और पथराव हुआ तथा कई लोग घायल हुए।

असम-अरुणाचल सीमा पर धेमाजी में फिर हिंसक टकराव

असम-अरुणाचल सीमा पर धेमाजी में फिर हिंसक टकराव

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डिजिटल डेस्क, गुवाहाटी। असम की अरुणाचल प्रदेश से लगने वाली सीमा पर गुरुवार को फिर से हिंसा भड़क उठी। असम के धेमाजी जिले में सीमा पर दोनों प्रदेशों के लोग आमने-सामने आ गए और उन्होंने मारपीट व पथराव शुरू कर दिया। घटना में कई लोगों को चोटें आई हैं।

टकराव गंभीर होता इससे पहले वहां पर तैनात सुरक्षा बलों के जवानों ने हवाई फायरिंग कर भीड़ को तितर-बितर किया। इस बीच अरुणाचल प्रदेश को जाने वाले और वहां से आने वाले सामान की आपूर्ति असम के क्षेत्रीय छात्र संगठन रोक दी है।

असम-अरुणाचल सीमा पर धेमाजी में फिर हिंसक टकराव

असम के छात्र संगठन तकम मिसिंग पोरिन केबांग (टीएमपीके) और कुछ अन्य क्षेत्रीय संगठनों ने बुधवार को अरुणाचल प्रदेश जाने वाले रास्ते पर रोक लगाई है। इन संगठनों ने अनिश्चितकाल के लिए अरुणाचल प्रदेश की आर्थिक घेराबंदी की घोषणा की है।

असम के संगठनों ने अरुणाचल के लोगों द्वारा सोमवार को की गई फायरिंग के विरोध में यह कदम उठाया है। फायरिंग की इस घटना में असम के 12 लोग घायल हो गए थे। असम पुलिस के अनुसार विवाद की शुरुआत असम की जमीन पर अरुणाचल प्रदेश के लोगों के कब्जे के विरोध से हुई थी।

असम के छात्र संगठनों ने अरुणाचल की आर्थिक घेराबंदी की

अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने फायरिंग करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया है। जबकि असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्व सरमा ने कहा है कि स्थिति नियंत्रण में है लेकिन अरुणाचल प्रदेश सरकार को फायरिंग के दोषियों के खिलाफ जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।

उल्लेखनीय है कि सोमवार को फायरिंग करने वाले अरुणाचल प्रदेश के चार लोगों की पहचान हो गई है और उनके बारे प्रदेश की पुलिस को सूचित कर दिया गया है।

मामले में टीएमपीके के सचिव सान पांगइंग ने कहा है कि सीमा पर इस तरह के टकराव अक्सर होते रहते हैं लेकिन इस टकराव को हमेशा के लिए खत्म करने के लिए दोनों प्रदेशों की सरकारें गंभीर नहीं हैं। असम और अरुणाचल प्रदेश के सांसदों ने दोनों प्रदेशों के लोगों से शांति की अपील की है।