मनोहरपुर: जगद्गुरु शंकराचार्य ने कराया 350 लोगों का शुद्धिकरण, 100 परिवारों की हुई 'घर वापसी'
पश्चिमी सिंहभूम के गोइलकेरा स्थित परलीपोस आश्रम में जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती की उपस्थिति में भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम दिखा। तीन ...और पढ़ें

परलीपोस में स्थित काली कोकिला संगम तीर्थ विश्व कल्याण आश्रम परिसर में आयोजित कार्यक्रम में मौजूद लोग।
HighLights
जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती की गरिमामयी उपस्थिति।
वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शुद्धिकरण और दीक्षा।
जागरण संवाद सूत्र, मनोहरपुर । पश्चिमी सिंहभूम जिले के गोइलकेरा अंतर्गत परलीपोस स्थित विश्व कल्याण आश्रम में शुक्रवार को भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती जी महाराज की गरिमामयी उपस्थिति में तीन प्रखंडों के 35 गांवों से आए 100 परिवारों के लगभग 350 लोगों ने अपने मूल 'सरना-सनातन' धर्म में वापसी की।
वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हुआ शुद्धिकरण
शंकराचार्य जी के सान्निध्य में आयोजित स्वधर्मा नयन कार्यक्रम में वैदिक मंत्रोच्चार और श्री राम नाम के जयघोष के साथ सभी का शुद्धिकरण किया गया। धर्मांतरण के भटकाव से लौटे इन ग्रामीणों ने स्वेच्छा से शंकराचार्य जी के कर-कमलों से गंगाजल ग्रहण किया। इस अवसर पर सभी को चंदन का टीका लगाया गया, पुष्पमाला पहनाई गई और सनातन धर्म की दीक्षा दी गई।
अंगवस्त्र और अन्न का वितरण
स्वधर्म में लौटने वाले गुंडीवूली, हाकागुई, रवांगदा, इचापीड़ और बुरुतुलूंडा सहित दर्जनों गांवों के पुरुषों, महिलाओं और बच्चों को आश्रम की ओर से अंगवस्त्र एवं अन्न भेंट स्वरूप प्रदान किए गए।
इस पुनीत कार्य को सफल बनाने में सचित स्वरूप, आचार्य रविशंकर शास्त्री, और इंद्रजीत मालिक सहित स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ताओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आश्रम प्रबंधन ने कहा कि यह अभियान उन लोगों के लिए है जो प्रलोभन वश अपने मूल संस्कारों से दूर हो गए थे।