श्वान से पीछा छुड़ाने की घिनौनी करतूत: मालगाड़ी के डिब्बे से बांधकर भेजा नोवामुंडी, स्थानीय व्यक्ति ने बचाई जान
नोवामुंडी में एक श्वान को अमानवीय तरीके से मालगाड़ी के डिब्बे से बांधकर आदित्यपुर से भेजा गया, जिसकी हालत गंभीर थी। स्थानीय निवासी मेघनाथ खिलार ने उसे ...और पढ़ें

श्वान को मालगाड़ी से बंधा देखकर स्टेशन पर मौजूद सभी लोग हैरान रह गए।
HighLights
श्वान को मालगाड़ी से बांधकर नोवामुंडी भेजा गया।
स्थानीय लोगों ने क्रूरता पर जांच की मांग की।
संसू, नोवामुंडी। श्वान से पीछा छुड़ाने के लिए उसे अमानवीय तरीके से मालगाड़ी के डिब्बे से बांधकर भेजने का सनसनीखेज मामला शनिवार को सामने आया है।
आदित्यपुर से लौह अयस्क लोडिंग के लिए मालगाड़ी की रैक टाटा स्टील नोवामुंडी के बोकारो साइडिंग पहुंची थी, जहां स्थानीय लोगों की नजर ट्रेन के डिब्बे से बंधे एक बेज़ुबान श्वान पर पड़ी।
लंबी दूरी तय करने से हालत गंभीर
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, श्वान को मालगाड़ी से बंधा देखकर स्टेशन पर मौजूद सभी लोग हैरान रह गए। ट्रेन आदित्यपुर से नोवामुंडी तक का लंबा सफर तय करके पहुंची थी।
आशंका जताई जा रही है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने श्वान से छुटकारा पाने की नीयत से उसे चलती ट्रेन के डिब्बे से बांधकर छोड़ दिया। इतनी लंबी और कठिन यात्रा के कारण श्वान की शारीरिक हालत अत्यंत गंभीर बताई जा रही है।
मेघनाथ खिलार ने दिखाया मानवीय चेहरा
घटना की जानकारी मिलते ही नोवामुंडी स्टेशन बस्ती निवासी मेघनाथ खिलार ने तत्परता दिखाई। उन्होंने श्वान को सुरक्षित मुक्त कराया और इलाज व देखभाल के लिए अपने घर ले जाकर शरण दी है।
स्थानीय लोगों में आक्रोश, जांच की मांग
घटना को लेकर स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश है। लोगों ने इसे बेज़ुबान जीव के साथ अत्यंत क्रूर और अमानवीय व्यवहार करार दिया है।
स्थानीय लोगों ने रेलवे प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है, ताकि ऐसा कृत्य करने वाले दोषी की पहचान कर उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके।