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सुदेश महतो ने हेमंत सरकार को बताया आदिवासी विरोधी, पेशा कानून की मूल आत्मा खत्म करने का लगाया आरोप

Published: Sat, 10 Jan 2026 02:00 AM (IST)

AJSU अध्यक्ष सुदेश महतो ने सीताफाल में कार्यकर्ता मिलन समारोह में हेमंत सरकार को आदिवासी विरोधी बताया। उन्होंने सरना कोड, ...और पढ़ें

फाइल फोटो

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HighLights

  1. सुदेश महतो ने हेमंत सरकार को आदिवासी विरोधी बताया।

  2. पेसा कानून की मूल भावना खत्म करने का आरोप लगाया।

  3. कार्यकर्ताओं से सरकार की जनविरोधी नीतियां बताने का आह्वान।

जागरण संवाददाता, अनगड़ा। आजसू पार्टी का सिल्ली विस स्तरीय कार्यकर्ता मिलन समारोह सीताफाल में शुक्रवार को संपन्न हुआ। मुख्य अतिथि केन्द्रीय अध्यक्ष सुदेश कुमार महतो व विशिष्ट अतिथियों में केन्द्रीय उपाध्यक्ष प्रवीण प्रभाकर, केन्द्रीय प्रधान प्रवक्ता डा. देवशरण भगत, आजसू रांची जिलाध्यक्ष संजय महतो, रांची जिला परिषद अध्यक्ष निर्मला भगत, जिला परिषद उपाध्यक्ष वीणा चौधरी, जिप सदस्य राजेन्द्र शाही मुडा व वीणा मुंडा थे।

आजसू के बीएलओ को चुनाव आयोग द्वारा कराया जा रहे एसआईआर के बारे में जानकारी दी गई। संचालन सुनील सिंह व राजू महली ने किया। साथ ही पार्टी द्वारा चलाया जा रहे योजनाओं की समीक्षा कर भविष्य के कार्यक्रमों की रूपरेखा तय की गई। सुदेश महतो ने कहा कि हम झारखंड के माटी की पार्टी है जो हमेशा समालोचक विपक्ष की भूमिका निभाते रहेंगे।

इन्होंने कहा कि झारखंड की वर्तमान सरकार पूरी तरह से आदिवासी विरोधी सरकार है। सरना कोड, आरक्षण नीति, नियोजन नीति, स्थानीय नीति, औद्योगिक नीति, विकास नीति बनाने में सरकार पूरी तरह से फेल रही है। पेसा कानून को जिस उददेश्य के लिए बनाया गया था उस रूढ़ीवादी व्यवस्था को सरकार ने खत्म कर दिया। इससे आदिवासियों की पहचान संकट में है। पेशा कानून तो बना दिया लेकिन सवाल है बगैर कानून में संशोधन किये यह लागू कैसे होगा।

Sudesh Mahto

युवाओं को पिछले छह सालों से रोजगार देने के नाम पर ठगा जा रहा है। पारा शिक्षकों को आचार्य के पद पर कम ग्रेड पे में ज्वाइन कराया गया, जो शिक्षकों के साथ अन्याय है। एक काम तो एक वेतनमान होना चाहिए। मइयां सम्मान योजना में लाभार्थी का नाम तो काटा जा रहा लेकिन एक भी लाभार्थी का नाम जोड़ा नही गया है। यह जनता के साथ धोखा है। मिलन समारोह में तीन हजार के करीब कार्यकर्ता शामिल हुए।

सुदेश महतो ने कहा कि यह कार्यक्रम पूरे राज्य में चलाकर आजसू कार्यकर्ता झारखंड सरकार की जनविरोधी नीतियों की जानकारी आम जनता को देगी। इस अवसर पर बुद्धिजीवी मोरचा के प्रदेश अध्यक्ष डोमन सिंह मुंडा, संजय सिद्धार्थ, विजय उरांव, बुद्धिजीवी मोरचा के जिलाध्यक्ष सज्जाद आलम, घासनी देवी, दिलीप बेदिया, जयपाल सिंह, गौतम कुमार साहू, अमर सिंह मुंडा, शंकर बेदिया, छोटू बेदिया, अजीत महतो, संजय महतो, इरफान अंसारी, रिजवान अंसारी आदि उपस्थित थे।

इस कार्यक्रम के माध्यम से सुदेश महतो ने शिथिल हो चुके आजसू कार्यकर्ताओं में जान फूंका। सीताफाल से पूरे राज्य को राजनीतिक संदेश दिया गया। कार्यकर्ताओं से संगठन की मजबूती, आजसू की नीतियों की जानकारी व राज्य सरकार की आदिवासी विरोधी मानसिकता के बारे में राज्य की जनता को अवगत कराने का आहवान किया गया।

सुदेश महतो बताते है आजसू ने अलग राज्य आंदोजन करके लिया अब राज्य का नवनिर्माण झारखंडी माटी के हिसाब से होगा। लगातार राज्य के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में मिलन समारोह करके कार्यकर्ताओं को रिचार्ज किया जाएगा। स्वयं सुदेश महतो पूरे राज्य का दौरा कर सरकार के खिलाफ मोरचा खोलेंगे।