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मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हेमंत सोरेन की याचिका पर झारखंड HC ने ईडी से मांगा जवाब, 28 अक्टूबर को होगी अगली सुनवाई

Published: Tue, 29 Sep 2026 07:01 PM (IST)Updated: Wed, 30 Sep 2026 03:52 PM (IST)

झारखंड हाई कोर्ट में मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सीएम हेमंत सोरेन की याचिका पर सुनवाई हुई। सुनवाई के बाद अदालत ...और पढ़ें

मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हेमंत सोरेन की याचिका पर हुई सुनवाई।

मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हेमंत सोरेन की याचिका पर हुई सुनवाई।

HighLights

  1. हेमंत सोरेन की मनी लॉन्ड्रिंग याचिका पर हाई कोर्ट में सुनवाई टली।

  2. अगली सुनवाई 30 सितंबर को दोपहर 2.15 बजे निर्धारित की गई है।

  3. याचिका में ईडी कोर्ट के आरोप गठन को रोकने की मांग की गई है।

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड हाई कोर्ट में मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सीएम हेमंत सोरेन की याचिका पर सुनवाई हुई। सुनवाई के बाद अदालत ने ईडी से जवाब मांगा है और केंद्र सरकार को प्रतिवादी बनाया है। मामले में अगली सुनवाई 28 अक्टूबर को होगी।

कोर्ट ने निचली अदालत में आरोप गठन पर कोई रोक नहीं लगाई है। अदालत ने कहा कि हाई कोर्ट में याचिका लंबित होने के आधार पर ईडी कोर्ट से समय नहीं मांगा जाए। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि ईडी कोर्ट हेमंत सोरेन पर आरोप गठन कर सकती है। ईडी की ओर से एएसजीआई एसवी राजू, वरीय अधिवक्ता अमित कुमार दास और सौरभ कुमार ने अपना पक्ष रखा।

मनी लांड्रिंग मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ आरोप तय कर दिए गए हैं। उन्होंने अपने आप को मामले में निर्दोष बताते हुए आगे ट्रायल फेस करने की बात कही है। ईडी कोर्ट ने उनके खिलाफ आरोप तय किए हैं।

4ः15 बजे तक टली थी सुनवाई

हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस मनोज प्रसाद की अदालत में बड़गांई अंचल की 8.86 एकड़ की कथित जमीन फर्जीवाड़ा से जुड़े मामले में सीएम हेमंत सोरेन की ओर से दाखिल याचिका पर मंगलवार को सुनवाई टल गई थी।

वहीं मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हेमंत सोरेन आरोप गठन की सुनवाई बुधवार को ईडी कोर्ट में 4:15 बजे तक के लिए टाल दी गई थी। उनके अधिवक्ता ने हाई कोर्ट में इससे संबंधित मामले में सुनवाई होने का हवाला देते हुए आरोप गठन पर सुनवाई को टालने का आग्रह किया था।

हाई कोर्ट ने मामले में अगली सुनवाई 30 सितंबर को 2.15 बजे निर्धारित की थी। हेमंत सोरेन की ओर मनी लांड्रिंग मामले में आरोप गठन की कार्रवाई को रोकने और ईडी कोर्ट के आदेश को हाई कोर्ट में चुनौती दी गई है। सुनवाई के दौरान ईडी की ओर से अतिरिक्त सालिसिटर जनरल एसवी राजू आनलाइन जुडे़ थे।

इस दौरान अदालत ने कहा कि समयाभाव के कारण मामले में बुधवार को सुनवाई की जाएगी। इस पर हेमंत सोरेन की ओर से कहा गया कि बुधवार की सुबह ही इस मामले में सुनवाई की जाए। क्योंकि ईडी कोर्ट में आरोप गठन होना है। इस पर अधिवक्ता एसवी राजू ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में एक महत्वपूर्ण मामला होने की वजह से वह दूसरी पाली में उपलब्ध हो पाएंगे।

इसलिए मामले की सुनवाई दूसरी पाली में ही रखी जाए। अदालत ने उनके आग्रह को स्वीकार करते हुए अगली सुनवाई बुधवार को दूसरी पाली में निर्धारित की है। ईडी की ओर से एएसजीआइ एसवी राजू, वरीय अधिवक्ता अमित कुमार दास एवं अधिवक्ता सौरभ कुमार ने पक्ष रखा।

बता दें कि हेमंत सोरेन की ओर से याचिका दाखिल कर पीएमएलए एक्ट की धारा 44 (1) (डी) का हवाला देते हुए कहा गया है कि जब तक मामले में अनुसंधान पूरा नहीं होता है, तब तक उनके खिलाफ आरोप गठन न किया जाए। इस मामले में अभी अनुसंधान पूरा नहीं हुआ है। इसलिए ईडी कोर्ट की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए। वहीं ईडी कोर्ट ने मामले में आरोप गठन की अनुमति दे दी है।

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