Tata Steel में 'अंक-1' रेटिंग वाले अधिकारियों पर गिरेगी गाज, खराब प्रदर्शन पर कंपनी दिखाएगी बाहर का रास्ता
टाटा स्टील में वित्तीय वर्ष के अंत में अधिकारियों का टैलेंट रिव्यू (TR) शुरू हो गया है। लगभग 10 हजार अधिकारियों के भविष्य का फैसला इस समीक्षा पर निर्भ ...और पढ़ें

फाइल फोटो।
HighLights
टाटा स्टील में अधिकारियों का टैलेंट रिव्यू शुरू।
नगर निकाय चुनाव के लिए कर्मचारियों को सवैतनिक अवकाश।
जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। टाटा स्टील में वित्तीय वर्ष के अंत के साथ ही अधिकारियों के मूल्यांकन की प्रक्रिया यानी टैलेंट रिव्यू (TR) जोर-शोर से शुरू हो गई है। कंपनी के जमशेदपुर वर्क्स सहित कलिंगनगर, मेरामंडली और माइंस डिवीजन के लगभग 10 हजार अधिकारियों के भविष्य का फैसला इस रिव्यू के आधार पर होगा।
इसी समीक्षा के बाद मार्च के अंत में परफार्मेंस रिवार्ड (बोनस) और एक अप्रैल से प्रभावी होने वाले प्रमोशन की घोषणा की जाएगी।इसको लेकर कर्मचारियों में उहापोह की स्थिति बनी हुई है।
कैसे होता है टैलेंट रिव्यू?
अधिकारियों ने अपने रिर्पोटिंग इंचार्ज को ईमेल के माध्यम से बीते एक साल के लक्ष्यों और प्राप्त उपलब्धियों का ब्यौरा सौंप दिया है। समीक्षा की प्रक्रिया पदानुक्रम(Hierarchy) के अनुसार तय की गई है:
- असिस्टेंट मैनेजर से सीनियर मैनेजर: इनके कार्यों की समीक्षा हेड और चीफ स्तर के अधिकारी करेंगे।
- हेड और चीफ: इनके प्रदर्शन को वाइस प्रेसिडेंट (VP) जांचेंगे।
- वरीय अधिकारी: वाइस प्रेसिडेंट और स्वयं एमडी (MD) इनके प्रदर्शन की समीक्षा करेंगे।
रेटिंग का गणित: प्रदर्शन सुधारे वरना जाना होगा बाहर
टाटा स्टील में प्रदर्शन को चार पैमानों (अंकों) पर मापा जाताहै:
- अंक 4 (उत्कृष्ट): लक्ष्य से कहीं अधिक और असाधारण प्रदर्शन।
- अंक 3 (बेहतर): लक्ष्य से बेहतर काम करना।
- अंक 2 (सामान्य): जितना लक्ष्य दिया गया, उतना ही कार्य पूरा करना।
- अंक 1 (असंतोषजनक): लक्ष्य पूरा न कर पाना।
चेतावनी: जिन अधिकारियों को 'अंक 1' मिलता है, उन्हें सुधार के लिए छह माह का समय दिया जाता है। यदि प्रदर्शन में बदलाव नहीं आता है, तो कंपनी उन्हें बाहर का रास्ता दिखा सकती है।
नगर निकाय चुनाव: कर्मचारियों को मिलेगा सवैतनिक अवकाश
टाटा स्टील प्रबंधन ने नगर निकाय चुनाव के मद्देनजर कर्मचारियों के लिए सवैतनिक अवकाश (Paid Leave) की घोषणा की है। झारखंड सरकार के निर्देशों के तहत यह आदेश जारी किया गया है।
ड्यूटी और छुट्टी के नियम:
- मतदान अवकाश: जो कर्मचारी निकाय चुनाव वाले क्षेत्रों के मतदाता हैं, उन्हें वोट डालने के लिए सवैतनिक अवकाश मिलेगा।
- आवश्यक सेवाएं: मेंटेनेंस और जरूरी सेवाओं में तैनात कर्मचारी काम पर रहेंगे, लेकिन उन्हें इसके बदले साल के अंत तक एक अतिरिक्त छुट्टी (Compensatory Off) दी जाएगी।
- शिफ्ट का समय: A, D, E, F और G शिफ्ट: इन कर्मचारियों को मतदान के लिए 4 घंटे की विशेष छुट्टी मिलेगी।
- B और C शिफ्ट: ये कर्मचारी अपनी ड्यूटी से पहले या बाद में वोट डालेंगे, इसलिए इन्हें सामान्य घंटों में काम करना होगा।
- अन्य क्षेत्रों के मतदाता: यदि कोई कर्मचारी जमशेदपुर से बाहर किसी अन्य क्षेत्र का मतदाता है, तो सबूत (VoterID) दिखाने पर उसे भी मतदान के लिए छुट्टी दी जाएगी।