सेल चेयरमैन पहुंचे बोकारो, अधिकारियों को दिए प्रदर्शन सुधार के मंत्र; मूल्य संवर्धित उत्पादों पर फोकस
सेल अध्यक्ष डॉ. अशोक कुमार पंडा ने बोकारो इस्पात संयंत्र का अचानक दौरा कर उत्पादन, सुरक्षा और वित्तीय प्रदर्शन की विस्तृत समीक्षा की। ...और पढ़ें

बोकारो स्टील प्लांट की समीक्षा करते सेल चेयरमैन डा. एके पांडा व साथ में निदेशक प्रभारी प्रिय रंजन।(फोटोः जागरण)
HighLights
सेल अध्यक्ष डॉ. पंडा का बोकारो इस्पात संयंत्र दौरा।
उत्पादन, सुरक्षा, वित्तीय प्रदर्शन की विस्तृत समीक्षा की।
मूल्य संवर्धित उत्पादों पर ध्यान देने के निर्देश।
जागरण संवाददाता, बोकारो। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक डॉ. अशोक कुमार पंडा शनिवार को बोकारो पहुंचे। उन्होंने बोकारो इस्पात संयंत्र (BSL) के उत्पादन, उत्पादकता, वित्तीय प्रदर्शन, सुरक्षा व्यवस्था तथा विभिन्न परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा की।
सेल के चेयरमैन का पदभार ग्रहण करने के बाद यह उनका बोकारो इस्पात संयंत्र का पहला दौरा था। उनके बोकारो पहुंचने पर निदेशक प्रभारी प्रिय रंजन ने उनका स्वागत किया, जबकि केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) की ओर से उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया।
इसके बाद बोकारो निवास में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में संयंत्र के विभिन्न विभागों के प्रदर्शन, उत्पादन लक्ष्य, लागत नियंत्रण, वित्तीय स्थिति, सुरक्षा मानकों तथा भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में अधिशासी निदेशकों, मुख्य महाप्रबंधकों और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।
बेहतर प्रदर्शन की संभावनाओं पर जोर
समीक्षा बैठक के दौरान डॉ. पंडा ने कहा कि बोकारो इस्पात संयंत्र में और बेहतर प्रदर्शन की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने अधिकारियों से उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित करने तथा उत्पादन क्षमता को और बढ़ाने की दिशा में कार्य करने का आह्वान किया।
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उन्होंने कहा कि प्रतिस्पर्धी बाजार में टिके रहने के लिए गुणवत्ता, दक्षता और लागत नियंत्रण पर समान रूप से ध्यान देना होगा। साथ ही, संयंत्र की कार्यप्रणाली में निरंतर सुधार और आधुनिक तकनीकों के समावेश से उत्पादन के नए कीर्तिमान स्थापित किए जा सकते हैं।
उन्होंने अधिकारियों को टीम भावना के साथ काम करने तथा निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया। डॉ. पंडा ने स्पष्ट कहा कि सुरक्षा किसी भी औद्योगिक इकाई की सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए और इसके साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार्य नहीं है।
उन्होंने उपकरणों के नियमित रखरखाव, परिचालन दक्षता में सुधार तथा गुणवत्ता मानकों को और सुदृढ़ बनाने पर विशेष बल दिया।
नवाचार से मिलेगी नई ऊंचाई
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मूल्य संवर्धित इस्पात उत्पादों का उत्पादन बढ़ाने की दिशा में ठोस पहल की जाए, ताकि बाजार में प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त हासिल की जा सके और कंपनी की आय में वृद्धि हो। उन्होंने कहा कि बेहतर गुणवत्ता वाले उत्पादों की मांग लगातार बढ़ रही है और इस क्षेत्र में बोकारो इस्पात संयंत्र के पास महत्वपूर्ण अवसर उपलब्ध हैं।
उन्होंने कहा कि नवाचार, उत्कृष्ट कार्यसंस्कृति, तकनीकी दक्षता और सामूहिक प्रयासों के बल पर बोकारो इस्पात संयंत्र भविष्य में नई उपलब्धियां हासिल करेगा। कर्मचारियों और अधिकारियों की प्रतिबद्धता ही किसी भी संस्थान की वास्तविक ताकत होती है। बदलते औद्योगिक परिवेश में नई सोच और आधुनिक कार्यप्रणाली को अपनाना समय की आवश्यकता है।
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उन्होंने संयंत्र प्रबंधन से कार्यस्थलों पर सकारात्मक वातावरण बनाए रखने तथा कर्मचारियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया। उनके इस दौरे को संयंत्र के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे आने वाले समय के लिए विकास और प्रदर्शन सुधार की स्पष्ट दिशा तय हुई है।