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श्रीनगर में एक हफ्ते से ड्यूटी से गायब इंटर्न डॉक्टर्स को कारण बताओ नोटिस, अस्पताल प्रशासन ने 24 घंटे में मांगा जवाब

Published: Tue, 08 Sep 2026 05:59 PM (IST)

एसकेआइएमएस बेमिना, श्रीनगर ने ड्यूटी से अनुपस्थित रहने वाले अपने क्लीनिकल रेजिडेंट मेडिकल इंटर्न्स को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।

एक हफ्ते से ड्यूटी से गायब इंटर्न डॉक्टर्स को कारण बताओ नोटिस। फोटो एक्स

एक हफ्ते से ड्यूटी से गायब इंटर्न डॉक्टर्स को कारण बताओ नोटिस। फोटो एक्स

HighLights

  1. एसकेआइएमएस ने अनुपस्थित इंटर्न डॉक्टरों को कारण बताओ नोटिस दिया।

  2. एक हफ्ते से ड्यूटी से गायब, मरीज सेवाएँ प्रभावित हुईं।

  3. अनुशासनहीनता पर इंटर्नशिप रद्द करने की चेतावनी जारी की गई।

राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। कश्मीर घाटी के सबसे बड़े अस्पतालों में से एक शेर-ए-कश्मीर मेडिकल साइंसेस (एसकेआइएमएस) मेडिकल कॉलेज बेमिना प्रशासन ने अपने क्लीनिकल रेजिडेंट मेडिकल इंटर्न्स (सीआरएमआईएस) को शो-कॉज नोटिस जारी किया है।

आरोप है कि अधिकांश इंटर्न डॉक्टर पिछले एक हफ्ते से अपनी ड्यूटी से नदारद हैं, जिसके कारण अस्पताल में मरीजों की देखभाल और इमरजेंसी सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं।

प्रशासन ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। नोटिस में साफ कहा गया है कि 'अधिकांश इंटर्न डॉक्टर' का बिना बताए ड्यूटी से गायब रहना चिंता का विषय है। अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि जब जूनियर डॉक्टर ही अपनी जिम्मेदारी से पीछे हट जाएंगे तो आम मरीजों का क्या होगा? इमरजेंसी वार्ड में स्टाफ की कमी सीधे तौर पर मरीजों की जिंदगी से जुड़ा मामला है।

नोटिस में इस बात का भी जिक्र किया गया है कि इन इंटर्न डॉक्टरों ने ज्वाइनिंग के समय एक एफिडेविट दिया था। इस एफिडेविट में उन्होंने अनुशासित रहने और मेडिकल कॉलेज के सभी नियम-कायदों का पालन करने का वादा किया था।

एफिडेविट में एक और अहम शर्त थी कि वे हड़ताल, अदालती मामलों या किसी भी तरह के अनुशासनहीनता वाले कार्य में शामिल नहीं होंगे। प्रशासन का कहना है कि ड्यूटी से लगातार अनुपस्थित रहना उनके इसी वादे के खिलाफ है।

इंटर्नशिप रद करने तक की चेतावनी

एसकेआइएमएस प्रशासन ने सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि इस तरह का आचरण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नियमानुसार उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है, जिसमें इंटर्नशिप में कटौती, अस्थायी निलंबन या फिर इंटर्नशिप को पूरी तरह से रद्द करना भी शामिल है।

फिलहाल, अनुपस्थित इंटर्न डॉक्टरों को नोटिस जारी होने के 24 घंटे के भीतर अपना स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है। उन्हें बताना होगा कि उनके खिलाफ उचित कार्रवाई क्यों न शुरू की जाए।

प्रशासन ने साफ किया है कि अगर तय समय में जवाब नहीं मिला तो यह मान लिया जाएगा कि उनके पास कोई बचाव नहीं है और फिर मामले को 'नियमों के अनुसार सख्ती से' निपटाया जाएगा।