जज्बे को सलाम! राजौरी में लैंडस्लाइड के बीच मासूमों को कंधे पर बिठाकर स्कूल बस तक पहुंचा रहे पैरेंट्स, Video वायरल
राजौरी के थन्नामंडी में भूस्खलन के कारण शादरा से भंगाई जाने वाली सड़क बदहाल हो गई है, जिससे आवाजाही प्रभावित ...और पढ़ें
HighLights
राजौरी में भूस्खलन से शादरा-भंगाई सड़क क्षतिग्रस्त
स्कूली बच्चों को जोखिम भरे रास्ते से गुजरना पड़ रहा
अभिभावक बच्चों को कंधों पर उठाकर स्कूल पहुंचा रहे
जागरण संवाददाता, राजौरी। राजौरी जिले के सब-डिवीजन थन्नामंडी में शादरा से भंगाई जाने वाली सड़क इन दिनों भूस्खलन के कारण बदहाल हो गई है। सड़क पर जगह-जगह मलबा, मिट्टी और पत्थर जमा होने के कारण लोगों की आवाजाही प्रभावित हो रही है। सबसे अधिक परेशानी क्षेत्र के स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है, जिन्हें रोजाना घर से स्कूल बस तक पहुंचने के लिए जोखिम भरे रास्ते से गुजरना पड़ रहा है।
सड़क की मौजूदा स्थिति ने अभिभावकों की चिंता भी बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, हाल में हुए भूस्खलन के बाद सड़क का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। कई स्थानों पर सड़क संकरी होने के साथ-साथ फिसलन भरी हो गई है।
बारिश होने पर स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। सड़क पर जमा मलबे और कीचड़ के कारण पैदल चलना तक मुश्किल हो रहा है। ऐसे में छोटे बच्चों को स्कूल भेजना अभिभावकों के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है।
कंधों पर बिठाकर पार करवा रहे मलबा
सड़क की बदहाली का सबसे ज्यादा असर छोटे स्कूली बच्चों पर पड़ रहा है। तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि सड़क की खराब स्थिति के कारण बच्चे स्वयं सुरक्षित तरीके से स्कूल बस तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। कई जगहों पर परिजन बच्चों को उठाकर या कंधों का सहारा देकर बस तक पहुंचाने के लिए मजबूर हैं।
सुबह के समय स्कूल जाने के दौरान अभिभावकों को बच्चों के साथ काफी दूर तक पैदल चलना पड़ता है। स्थानीय अभिभावकों का कहना है कि बच्चों की उम्र कम होने के कारण वे मलबे और फिसलन वाले रास्ते को पार करने में सक्षम नहीं हैं। बारिश के दौरान स्थिति और ज्यादा खतरनाक हो जाती है।
लंबे समय से आवाजाही प्रभावित
बच्चों के फिसलकर गिरने या चोटिल होने की आशंका बनी रहती है। अभिभावकों को हर दिन इस डर के बीच बच्चों को स्कूल भेजना पड़ रहा है। स्थानीय निवासी मुहम्मद जावेद, अब्दुल हक, बशीर अहमद आदि ने बताया कि सड़क लंबे समय से लोगों की आवाजाही का महत्वपूर्ण माध्यम है।
