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सोनीपत में सफाई कर्मचारियों ने नगर निगम के गेट पर जड़ा ताला, अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी

Published: Tue, 18 Aug 2026 09:52 AM (IST)

सोनीपत में सफाई और दमकल कर्मचारियों ने अपनी मांगें पूरी न होने पर नगर निगम कार्यालय के गेट पर ताला ...और पढ़ें

हड़ताल कर रहे कर्मचारियों ने निगम कार्यालय के गेट पर ताला जड़कर नारेबाजी की।

हड़ताल कर रहे कर्मचारियों ने निगम कार्यालय के गेट पर ताला जड़कर नारेबाजी की। 

HighLights

  1. कर्मचारियों ने नगर निगम कार्यालय के गेट पर ताला जड़ा।

  2. सरकार पर 13 मई के समझौते से मुकरने का आरोप लगाया।

  3. मांगें न मानने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी।

जागरण संवाददाता, सोनीपत। मांग पूरी न होने के विरोध में सफाई व दमकल कर्मचारियों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। हड़ताल कर रहे कर्मचारियों ने मंगलवार को नगर निगम कार्यालय के गेट पर ताला जड़कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि सरकार ने बातचीत में मानी गई मांगों को लागू करने के बजाय अब अपने ही समझौते से पीछे हटना शुरू कर दिया है।

क्या है पूरा मामला?

राज्य वरिष्ठ उपप्रधान राजीव खत्री ने कहा कि 13 मई 2026 को सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच द्विपक्षीय वार्ता में कई मांगों पर सहमति बनी थी। कर्मचारियों का आरोप है कि इन मांगों को 30 जून तक लागू करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन सरकार ने अब तक उन्हें पूरी तरह लागू नहीं किया।

उन्होंने कहा कि पे-रोल फायरमैन और चालकों को नियमित सरकारी नौकरी देने, पिछले पांच वर्षों की वेतन वृद्धि के एरियर का भुगतान करने, पे-रोल दमकल कर्मचारियों को 5 हजार रुपये मासिक जोखिम भत्ता और पुलिस की तर्ज पर 7500 रुपये वर्दी भत्ता देने जैसी मांगों पर सहमति बनी थी।

कर्मचारियों ने कहा कि फरीदाबाद अग्निकांड में शहीद दमकल कर्मचारियों के आश्रितों को 50-50 लाख रुपये आर्थिक सहायता, परिवार के एक सदस्य को नियमित सरकारी नौकरी और भविष्य में ऐसी घटनाओं के लिए स्थायी नीति बनाने पर भी सहमति हुई थी।

आरोप है कि नियमितीकरण के बजाय सरकार ने जॉब सिक्योरिटी का पत्र जारी कर दिया। उनका कहना है कि 13 मई के समझौते से पीछे हटना सरकार को भारी पड़ेगा। जॉब सिक्योरिटी के नाम पर कर्मचारियों के साथ धोखा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जॉब सिक्योरिटी किसी भी स्थिति में नियमित सरकारी नौकरी का विकल्प नहीं हो सकती।

ग्रुप डी में सफाई कर्मचारियों के पद नहीं, भविष्य से खिलवाड़ का आरोप

नगर पालिका कर्मचारी संघ के जिला वरिष्ठ उपप्रधान वीरेंद्र कुमार ने कहा कि सफाई कर्मचारियों के लिए स्थायी नौकरी की व्यवस्था नहीं की जा रही है। ग्रुप डी के पदों में भी सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति नहीं होने से उनके भविष्य पर संकट खड़ा हो गया है।

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार का कर्मचारियों के प्रति रवैया ठीक नहीं है। इसी के विरोध में प्रदेशभर के नगर निगम, नगर परिषद और नगर पालिकाओं में कर्मचारी हड़ताल पर हैं।

आंदोलन अनिश्चितकालीन करने की चेतावनी

कर्मचारियों ने कहा कि 6 से 18 अगस्त तक राज्यव्यापी हड़ताल का ऐलान किया गया है। यदि सरकार ने 13 मई के समझौते को पूरी तरह लागू नहीं किया और जॉब सिक्योरिटी संबंधी पत्र को वापस नहीं लिया तो आंदोलन को अनिश्चितकालीन हड़ताल में तब्दील किया जा सकता है।