नाबालिग का अपहरण और दुष्कर्म: रेवाड़ी कोर्ट ने दो दोषियों को सुनाई 20 साल की सजा
रेवाड़ी की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में दो युवकों को दोषी ठहराया है। मुख्य दोषी रोहित को आजीवन कारावास और 42 हजार रु ...और पढ़ें

नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को 20 साल की सजा।
HighLights
रेवाड़ी कोर्ट ने दो युवकों को दोषी ठहराया।
रोहित को आजीवन कारावास, पंकज को 20 साल कैद।
नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म का मामला।
जागरण संवाददाता, रेवाड़ी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश की फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट ने नाबालिग का अपहरण एवं दुष्कर्म के मामले में संलिप्त दो युवकों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है। अदालत ने मामले में संलिप्त एक दोषी गांव हरीनगर के रहने वाले रोहित को आजीवन कारावास एवं 42 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। मामले में शामिल दूसरे दोषी गांव हरीनगर के ही रहने वाले पंकज को 20 साल कैद व 22 हजार रुपये जुर्माना की सजा दी है।
जिले के एक गांव के रहने वाले व्यक्ति ने शिकायत में बताया था कि 11 जुलाई 2019 की शाम को वह अपनी ड्यूटी पर गया था। अगले दिन 12 जुलाई 2019 को सुबह जब वह घर लौटा तो उनकी 16 वर्षीय नाबालिग बेटी रोते हुई मिली। पूछताछ करने पर उनकी बेटी ने बताया कि रात को किसी ने उनके घर के बाहर गेट पर हार्न बजाया। जब वह बाहर गई तो लाल रंग की बाइक पर गांव हरीनगर के रहने वाले रोहित व एक और युवक बैठा हुआ था।
दोनों ने डरा धमका कर उसे अपनी बाइक पर बैठा लिया और हरीनगर में एक सुनसान मकान में ले गए। मकान में आरोपितों ने उसके साथ दुष्कर्म किया और रात को वापस घर छोड़ गए। आरोपितों ने घटना के बारे में किसी को भी बताने पर जान से मारने की धमकी भी दी। महिला थाना पुलिस ने आरोपितों के विरुद्ध धमकी देने व पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया था। जांच के बाद महिला थाना
पुलिस ने आरोपितों के विरुद्ध अदालत में चार्जशीट दाखिल अदालत में ठोस साक्ष्य प्रस्तुत किए और पीड़िता सहित अन्य गवाहों के बयान भी दर्ज कराए। सभी दलीलें सुनने के बाद फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट के अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश लोकेश गुप्ता ने मामले में संलिप्त दोनों को दोषी करार दिया। अदालत ने रोहित को आजीवन कारावास व 42 हजार रुपये जुर्माना व पंकज को 20 साल कैद व 22 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।