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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 19, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Lok Sabha Election 2024: 2019 लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ये दिग्गज नहीं बचा सके थे साख, सिंधिया भी हारे थे सियासी 'राजधानी'

By Jagran News NetworkEdited By: Jagran News Network
Updated: Tue, 19 Mar 2024 12:34 PM (IST)

पिछले लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के दिग्गज नेताओं को हार का सामना करना पड़ा था। कई नेता तो अपना गढ़ भी नहीं बचा सके थे। इस बार कांग्रेस काफी मंथन के बा ...और पढ़ें

लोकसभा चुनाव 2024: पिछले लोकसभा चुनाव में मध्य प्रदेश में कांग्रेस के दिग्गज नेताओं को मिली थी शिकस्त।
लोकसभा चुनाव 2024: पिछले लोकसभा चुनाव में मध्य प्रदेश में कांग्रेस के दिग्गज नेताओं को मिली थी शिकस्त।

सौरभ सोनी, भोपाल। 2019 लोकसभा चुनाव मध्य प्रदेश में काफी दिलचस्प रहा। कांग्रेस के कई दिग्गज नेता अपनी साख तक नहीं बचा सके थे। हालांकि पार्टी ने अपने दिग्गज नेताओं को इस आशा से चुनाव में उतारा था कि इनकी जीत पक्की है।

सबसे पहले बात उन आठ लोकसभा सीटों की करते हैं, जहां दिग्गजों को शिकस्त का सामना करना पड़ा। इन सीटों में रतलाम, मुरैना, ग्वालियर, खंडवा, सीधी, भोपाल और जबलपुर शामिल हैं। पार्टी ने इन सीटों पर दिग्गज नेताओं को उतारा था।

जब सिंधिया भी हारे अपनी 'राजधानी'

2019 में ज्योतिरादित्य सिंधिया कांग्रेस में थे। उन्हें भी गुना- शिवपुरी सीट से हार का सामना करना पड़ा था। गुना-शिवपुरी को सिंधिया का गढ़ कहा जाता है। मगर भाजपा के प्रत्याशी ने उन्हें भी शिकस्त दी। दिग्विजय सिंह, कांतिलाल भूरिया,अरुण यादव और विवेक तन्खा जैसे बड़े नेताओं को भी भाजपा प्रत्याशियों ने बड़े अंतर से पराजित किया था।

लंबा मंथन करने में जुटी कांग्रेस

कांग्रेस 2019 वाली गलती को सुधारने में जुटी है। हर सीट पर प्रत्याशी घोषित करने से पहले पार्टी लंबा मंथन कर रही है। उधर, हाईकमान सभी दिग्गजों को चुनाव लड़ाने के मूड में है। मगर कोई तैयार नहीं दिख रहा है।

भाजपा प्रदेश की सभी लोकसभा सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा कर चुकी है। मगर कांग्रेस अभी सिर्फ 10 सीटों पर ही उम्मीदवारों का एलान कर सकी है। बाकी सीटों पर उम्मीदवारों के चेहरे पर मंथन चल रहा है।

2019 के लोकसभा चुनाव में इन सीटों पर बड़े अंतर से जीती थी भाजपा

लोकसभा सीट-- भाजपा प्रत्याशी-- कांग्रेस प्रत्याशी-- जीत का अंतर

रतलाम एसटी-- जीएस डामोर-- कांतिलाल भूरिया-- 90636

मुरैना-- नरेंद्र सिंह तोमर-- रामनिवास रावत-- 113341

गुना-- केपी यादव-- ज्योतिरादित्य सिंधिया-- 125549

ग्वालियर-- विवेक शेजवलकर -- अशोक सिंह-- 146842

खंडवा-- नंदकुमार सिंह चौहान--अरूण यादव--273343

सीधी-- रीति पाठक-- अजय सिंह-- 286524

भोपाल -- साध्वी प्रज्ञा ठाकुर-- दिग्विजय सिंह-- 364822

जबलपुर-- राकेश सिंह-- विवेक तन्खा-- 454744

कांग्रेस ने परिवार और जातिवाद के आधार पर रेत के किले बनाए थे वो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की विकासवाद और राष्ट्रवाद की मजबूत लहरों के आगे ढह गए हैं। इस लोकसभा चुनाव में बचे हुए कांग्रेस के इस तरह के नेताओं की जमानत जब्त होगी और ऐतिहासिक मत प्रतिशत से भाजपा सभी 29 लोकसभा सीटों पर विजयी होंगे। - आशीष अग्रवाल, प्रदेश मीडिया प्रभारी, मप्र भाजपा।

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