दिल्ली में पाइपलाइन मरम्मत के बाद बढ़ी परेशानी, साउथ अनारकली में 15 दिन से जलापूर्ति बाधित
पूर्वी दिल्ली के साउथ अनारकली की गली नंबर-8 में मरम्मत के बाद 15 दिनों से जलापूर्ति बाधित है, जिससे करीब 50 घरों के लोग परेशान हैं। जलबोर्ड की लापरवाह ...और पढ़ें

साउथ अनारकली की गली नंबर-8 में मरम्मत के बाद 15 दिनों से जलापूर्ति बाधित। (AI Generated Image)
HighLights
साउथ अनारकली में 15 दिन से पानी की सप्लाई ठप।
जलबोर्ड की मरम्मत में लापरवाही से पाइपलाइन हुई जाम।
निवासी खुद कर रहे मरम्मत, अतिरिक्त खर्च उठा रहे हैं।
जागरण संवाददाता, पूर्वी दिल्ली। साउथ अनारकली की गली नंबर-8 में पिछले करीब एक वर्ष से जलापूर्ति की समस्या झेल रहे लोगों की परेशानियां थमने का नाम नहीं ले रही हैं। लंबे समय से दूषित पानी की आपूर्ति झेल रहे इलाके में अब जलबोर्ड की लापरवाही के कारण पानी की सप्लाई पूरी तरह ठप होने का आरोप लगाया जा रहा है।
लोगों का आरोप है कि लापरवाही और खराब गुणवत्ता की सामग्री के उपयोग के कारण समस्या और बढ़ गई है। शिकायतों के बावजूद जलबोर्ड के अधिकारी मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।
पानी की सप्लाई लाइन की मरम्मत कराई गई
साउथ अनारकली आरडब्ल्यूए के प्रधान अनिल गोयल ने बताया कि गली नंबर-8 में करीब एक साल से गंदा पानी आ रहा था। नलों से सीवर युक्त पानी निकल रहा था। लगातार शिकायतें करने और जनप्रतिनिधियों व जलबोर्ड कार्यालय के चक्कर लगाने के बाद करीब 15 दिन पहले अधिकारियों ने संज्ञान लिया और पानी की सप्लाई लाइन की मरम्मत कराई गई। हालांकि, मरम्मत के बाद इलाके के कई घरों में पानी आना पूरी तरह बंद हो गया।
जलबोर्ड द्वारा मरम्मत के दौरान पाइपलाइन के आसपास उचित सफाई नहीं की गई, जिसके कारण प्लास्टिक और अन्य गंदगी पानी की पाइपलाइन में चली गई और पानी का पाइप जाम हो गया। इसके कारण गली के करीब 50 घरों के लोग पानी के लिए तरस रहे रहैं।
डेढ़ से दो हजार रुपये तक का अतिरिक्त खर्च
लोगों का कहना है कि शिकायतों के बाद भी जब समस्या का समाधान नहीं हुआ तो मजबूरी में उन्होंने आपस में पैसे इकट्ठा कर पानी की सप्लाई लाइन की मरम्मत करानी शुरू कर दी। एक परिवार पर करीब डेढ़ से दो हजार रुपये तक का अतिरिक्त खर्च आ रहा है।
मामले में जलबोर्ड अधिकारियों का कहना है कि इलाके में नई पाइपलाइन बिछाई गई है और जलापूर्ति से जुड़ी अधिकांश समस्याओं का समाधान कर दिया गया है। कुछ घरों में ऊपरी मंजिल तक पानी नहीं पहुंच रहा, जो पानी के दबाव और घरों में लगे मोटरों के कारण हो सकता है। पाइपलाइन में यदि कोई तकनीकी दिक्कत पाई जाती है तो उसे ठीक किया जाएगा।
खबरें और भी
बार-बार शिकायत करने के बावजूद समस्या दूर नहीं हुई। मजबूरी में लोगों को आपस में पैसे इकट्ठा कर पाइपलाइन की मरम्मत करानी पड़ रही है, जिससे अतिरिक्त खर्च बढ़ गया। - राज बाला
पानी न आने से दैनिक कामकाज बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। छोटे बच्चों और बुजुर्गों वाले परिवारों को सबसे ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है। - सन्नी
मरम्मत के दौरान लापरवाही बरती गई, जिससे पाइपलाइन में गंदगी चली गई। प्रशासन को जिम्मेदारी तय कर जल्द समस्या का समाधान करना चाहिए। - तिलक राज लांबा
यह भी पढ़ें- दिल्ली बार्डर से पालम विहार तक सफर होगा आसान, छह करोड़ से बनेगी मॉडल रोड