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CJP का रविवार को फिर जंतर-मंतर कूच का एलान, अजिंक्य शिंदे बोले- इस्तीफे तक नहीं रुकेगा आंदोलन

Published: Sat, 10 Oct 2026 09:39 PM (IST)

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर अपना आंदोलन जारी रखने ...और पढ़ें

सीजेपी ने रविवार को आंदोलन जारी रखने का एलान किया। फोटो: वीडियो ग्रैब

सीजेपी ने रविवार को आंदोलन जारी रखने का एलान किया। फोटो: वीडियो ग्रैब

HighLights

  1. ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग पर CJP का आंदोलन

  2. पार्टी नेताओं की हिरासत के बावजूद आंदोलन जारी रखने का एलान

  3. रविवार को जंतर-मंतर की ओर फिर कूच करने की तैयारी

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर अपना आंदोलन जारी रखने का एलान किया है।

शनिवार को पार्टी के प्रमुख नेताओं को हिरासत में लिए जाने के बाद आंदोलन की कमान संभाल रहे अजिंक्य शिंदे ने कहा कि यह लंबी लड़ाई है और रविवार को भी पार्टी जंतर-मंतर की ओर कूच करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते, तब तक प्रदर्शन जारी रहेगा।

यह सरकार के अस्तित्व की लड़ाई है

शनिवार शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजिंक्य शिंदे ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, “यह सरकार के अस्तित्व की लड़ाई है। अगर ज्ञानेश कुमार इस्तीफा देते हैं, तो सरकार जिस तरह से वोट चोरी करके चुनकर आई है, वह दोबारा नहीं जीत पाएगी।”

शिंदे ने आरोप लगाया कि यही वजह है कि सरकार ज्ञानेश कुमार को बचाना चाहती है। उन्होंने दिल्ली में की गई पुलिस कार्रवाई और प्रदर्शन पर पाबंदियों को लेकर भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा।

उनके मुताबिक, यह लड़ाई शनिवार को खत्म नहीं होगी और जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती, पार्टी प्रदर्शन करती रहेगी।

वोट काटकर चुनाव जीतने का आरोप

अजिंक्य शिंदे ने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की जोड़ी ने ज्ञानेश कुमार की मदद से वोट कटवाए और चुनाव जीते। उन्होंने कहा कि CJP उन लोगों के मतदान के अधिकार वापस दिलाने की मांग कर रही है, जिनके वोट कथित तौर पर काटे गए हैं।

यह CJP की ओर से लगाया गया आरोप है। इसे स्वतंत्र रूप से प्रमाणित तथ्य या किसी न्यायिक निष्कर्ष के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।

अजिंक्य शिंदे के हाथों में कमान

CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके और पार्टी के दो अन्य प्रमुख नेताओं सौरव दास तथा आशुतोष रांका को शनिवार को दिल्ली पहुंचने पर विमान के भीतर से हिरासत में ले लिया गया। इसके बाद पार्टी के राष्ट्रीय संगठन प्रभारी अजिंक्य शिंदे को आंदोलन आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी दी गई।

दीपके ने संभावित गिरफ्तारी की आशंका के मद्देनजर पहले से रिकॉर्ड किए गए वीडियो में कहा था कि उनके और अन्य नेताओं के हिरासत में रहने की स्थिति में शिंदे आंदोलन का नेतृत्व करेंगे।

शिंदे महाराष्ट्र के लातूर जिले की औसा तहसील के उजनी गांव के रहने वाले हैं। उन्होंने कंप्यूटर इंजीनियर के रूप में अपना करियर छोड़कर सामाजिक और राजनीतिक सक्रियता का रास्ता चुना।

रविवार को फिर जंतर-मंतर मार्च की तैयारी

CJP ने एलान किया है कि शनिवार की पुलिस कार्रवाई और नेताओं की हिरासत के बावजूद रविवार को फिर जंतर-मंतर की ओर मार्च किया जाएगा। पार्टी का कहना है कि नेतृत्व के प्रमुख चेहरों की गैरमौजूदगी आंदोलन को रोक नहीं सकती।

CJP की प्रमुख मांग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा है। पार्टी मतदाता सूची के कथित संशोधन और वोट काटे जाने के मुद्दे को लेकर भी विरोध कर रही है। रविवार को प्रस्तावित मार्च के बीच दिल्ली पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था और प्रदर्शनकारियों की आवाजाही पर नजर रहेगी।

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