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रूस-यूक्रेन की लड़ाई में पिस रहे एशियाई देश! गेहूं की कीमतों में दिखा तगड़ा उछाल, कितना पहुंचा दाम?

Published: Mon, 07 Sep 2026 05:22 PM (IST)

रूस-यूक्रेन युद्ध और काला सागर क्षेत्र में हमलों के कारण गेहूं की आपूर्ति प्रभावित हुई है, जिससे एशियाई देशों को ...और पढ़ें

काला सागर में हमले से गेहूं की सप्लाई प्रभावित

काला सागर में हमले से गेहूं की सप्लाई प्रभावित

HighLights

  1. काला सागर क्षेत्र में हमलों से गेहूं आपूर्ति बाधित हुई।

  2. एशियाई देश महंगे ऑस्ट्रेलियाई और अर्जेंटीना गेहूं खरीद रहे।

  3. शिकागो बाजार में गेहूं वायदा भाव 35% तक बढ़ा।

बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली| इस साल की शुरुआत में मिडिल ईस्ट टेंशन के चलते समुद्री रास्ते प्रभावित हुए थे। रूस-यूक्रेन युद्ध का असर गेहूं की कीमतों और सप्लाई पर भी देखने को मिला है। काला सागर क्षेत्र में यूक्रेनी हमलों के बाद पहले भी गेहूं की कीमतों और सप्लाई रूट में बदलाव देखने को मिले थे। अब एक बार फिर ब्लैक सी क्षेत्र में जहाजों और अनाज निर्यात ढांचे पर हो रहे हमलों के कारण रूस और यूक्रेन से गेहूं की आपूर्ति प्रभावित होने लगी है।

एशियाई देशों को महंगा पड़ रहा गेहूं

ब्लैक सी में हो रहे हमलों के चलते एशियाई गेहूं इंपोर्टर नए ऑप्शन की ओर रुख कर रहे हैं। व्यापार क्षेत्र के तीन सूत्रों के अनुसार, हाल की डील में एशियाई खरीदारों ने कम से कम 5 लाख मीट्रिक टन ऑस्ट्रेलियाई और अर्जेंटीना के गेहूं की खरीद की है। व्यापारियों के मुताबिक, काला सागर क्षेत्र के आयातकों को वैकल्पिक सप्लाई के लिए पहले की तुलना में काफी अधिक कीमत चुकानी पड़ रही है। दुनिया के दूसरे सबसे बड़े गेहूं आयातक इंडोनेशिया समेत कई एशियाई देश अपनी घरेलू मांग पूरी करने के लिए आयात पर काफी निर्भर हैं।

ऑस्ट्रेलिया और अर्जेंटीना के गेहूं की बड़ी डील

एक अंतरराष्ट्रीय व्यापार कंपनी से जुड़े एशियाई व्यापारी ने मीडिया बताया कि, पिछले 10 दिनों के दौरान ऑस्ट्रेलिया और अर्जेंटीना के गेहूं के कई बड़े सौदे हुए हैं। जिनका उद्देश्य रूस और यूक्रेन से आने वाली उन खेपों की भरपाई करना है, जो अभी तक खरीदारों तक नहीं पहुंची हैं। रूस और यूक्रेन की ओर से बंदरगाहों और मालवाहक जहाजों पर किए गए हमलों ने अनाज टर्मिनलों के ऑपरेशन को प्रभावित किया है। इसके चलते प्रमुख एक्सपोर्ट सीजन के दौरान दर्जनों गेहूं की खेपों की लोडिंग में देरी हुई है या उन्हें रद्द करना पड़ा है।

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अमेरिकी कृषि वस्तु व्यापार समूह एडीएम (ADM) ने बुधवार को बताया कि 31 अगस्त को ड्रोन हमले में यूक्रेन के ब्लैक सी बंदरगाह ओडेसा स्थित उसके यूईपी अनाज टर्मिनल को नुकसान पहुंचा।

ऑस्ट्रेलियाई और अर्जेंटीना के गेहूं की कीमतें बनी रॉकेट

व्यापारियों के अनुसार खरीदारों ने ऑस्ट्रेलियाई प्रीमियम व्हाइट गेहूं के लिए लागत और माल ढुलाई सहित करीब 315 से 330 डॉलर प्रति टन का भुगतान किया। वहीं, अर्जेंटीना के गेहूं के सौदे करीब 310 से 315 डॉलर प्रति टन की कीमत पर हुए। इसके मुकाबले अगस्त-सितंबर में डिलीवरी के लिए अधिकांश ब्लैक सी गेहूं की खेपों के सौदे करीब 260 से 280 डॉलर प्रति टन की कीमत पर हुए थे।

इस बीच, शिकागो बाजार में गेहूं के बेंचमार्क वायदा भाव जून के अंत से अब तक करीब 35 प्रतिशत बढ़ चुके हैं। काला सागर क्षेत्र से गेहूं की सप्लाई में कमी को कीमतों में इस तेजी का प्रमुख कारण माना जा रहा है। अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका जैसे अन्य प्रमुख निर्यातक देशों में भी हाजिर गेहूं की कीमतों में तेजी आई है।