Union Budget 2026 में किसानों को मिलेगा 137756 करोड़ रुपये से ज्यादा का तोहफा, PM किसान से पेंशन तक पर फोकस
केंद्रीय बजट 2026 में कृषि क्षेत्र पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण किसानों के लिए 137756.55 करोड़ रुपये से अधिक का आवंटन कर सक ...और पढ़ें

Union Budget 2026 में किसानों को मिलेगा 137756.55 करोड़ से ज्यादा का तोहफा, PM किसान से पेंशन तक पर फोकस
HighLights
कृषि क्षेत्र को 137756.55 करोड़ रुपये से अधिक का आवंटन।
PM किसान और PM किसान मानधन योजनाओं पर रहेगा फोकस।
पिछले बजट में भी कृषि को मिली थी बड़ी सौगात।
नई दिल्ली। Union Budget 2026: देश का आम बजट अब कुछ ही घंटों में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पेश करेंगी। इस बार के बजट में कृषि पर फोकस रहने वाला है। किसानों को 137756.55 करोड़ रुपये से ज्यादा का आवंटन मिल सकता है। अलग-अलग योजनाओं पर सरकार बढ़ी राशि खर्च कर सकती है। किसानों से जुड़ी सबसे बड़ी योजनाओं में से एक PM Kisan Yojana से लेकर पीएम किसान मानधन पेंशन जैसी योजनाओं पर सरकार का फोकस रहेगा।
केंद्रीय बजट 2026 (Union Budget 2026) के बीच आइए जानते हैं कि पिछली बार वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने किसानों को क्या और कितने रुपये का तोहफा दिया था। प्रमुख योजनाओं के लिए सरकार ने कितनी राशि आवंटित की थी।
Union Budget 2026: सरकार ने पिछले बजट में कृषि क्षेत्र को क्या दिया था?
वित्त वर्ष 2025-26 के बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कृषि क्षेत्र को 137756.55 करोड़ रुपये की बड़ी सौगात दी थी। यह राशि दो हिस्सों में आवंटित हुई थी। पहला हिस्सा 127290.16 करोड़ रुपये मिनिस्ट्री ऑफ एग्रीकल्चर एंड फार्मर वेलफेयर के तहत तो दूसरा हिस्सा 10466.39 करोड़ रुपये एग्रीकल्चर रिसर्च एजुकेशन के तहत आवंटित हुआ था।
किस योजना पर कितना हुआ खर्च?
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना को पिछले बजट में 63500 करोड़ रुपये आवंटित हुए थे। इस योजना का मकसद जमीन वाले किसानों की फाइनेंशियल जरूरतों को पूरा करना है, कुछ शर्तों के साथ। इस योजना के तहत, देश भर के किसानों के परिवारों के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर मोड से हर साल 6000 रुपये की फाइनेंशियल मदद तीन बराबर चार महीने की किस्तों में ट्रांसफर की जाती है।
खबरें और भी
प्रधानमंत्री किसान मान धन योजना को पिछले बजट में 120 करोड़ रुपये का आवंटन हुआ था। PMKMY का मकसद सबसे कमजोर किसान परिवारों को सोशल सिक्योरिटी देना है। यह छोटे और सीमांत किसानों (SMFs) के लिए एक कंट्रीब्यूटरी स्कीम है, जो कुछ शर्तों के तहत, पेंशन फंड में हर महीने पैसे जमा करके इस स्कीम के सदस्य बन सकते हैं।
संशोधित ब्याज सबवेंशन योजना (Modified Interest Subvention Scheme) को पिछले बजट में 22600 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे। MISS, फसल उगाने वाले किसानों और पशुपालन, डेयरी और मछली पालन जैसी दूसरी संबंधित गतिविधियों के लिए रियायती शॉर्ट टर्म कृषि लोन देती है। यह उन किसानों के लिए उपलब्ध है जो 3 लाख रुपये तक का शॉर्ट टर्म फसल लोन लेते हैं, जिस पर एक साल के लिए 7% सालाना ब्याज दर लगती है। लोन का समय पर भुगतान करने वाले किसानों को 3% की अतिरिक्त सब्सिडी भी दी जाती है, जिससे प्रभावी ब्याज दर घटकर 4% सालाना हो जाती है।
एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट फंड में अतिरिक्त ट्रांसफर: इस योजना का मकसद PM-किसान योजना (₹2000 करोड़), PMFBY (₹2000 करोड़) और MISS (₹2,000 करोड़) के फंक्शनल हेड्स से एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट फंड (AIDF) में ₹6000 करोड़ की रकम ट्रांसफर करना है। यानी अगर किसी योजना में राशि कम पड़ जाए तो इसके जरिए उसे ट्रांसफर किया जाएगा।