सर्च करे
Home
फोकस
विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

मुकेश अंबानी की रिलायंस और रोल्स-रॉयस ने मिलाया हाथ, देश में ही बनेगा भारत के स्वदेशी AMCA लड़ाकू विमान का इंजन

By Jagran BusinessEdited By: Gyanendra Tiwari
Updated: Fri, 14 Aug 2026 08:05 PM (IST)

रिलायंस और रोल्स-रॉयस ने भारत के एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA) प्रोग्राम के लिए स्वदेशी कॉम्बैट इंजन के डिजाइन और निर्माण हेतु साझेदारी की घोषणा की है।

News Article Hero Image

HighLights

  1. रिलायंस-रोल्स-रॉयस AMCA स्वदेशी कॉम्बैट इंजन के लिए साझेदारी।

  2. भारत में लड़ाकू-जेट प्रणोदन क्षमता का विकास होगा।

  3. 'आत्मनिर्भर भारत' पहल को मिलेगा बड़ा बढ़ावा।

नई दिल्ली। भारत की सबसे बड़े अरबपति की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस ने बड़ी घोषणा की है। कंपनी ने शुक्रवार को बताया कि वह भारत के एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA) प्रोग्राम के लिए एक स्वदेशी कॉम्बैट इंजन के डिजाइन, डेवलपमेंट, मैन्युफैक्चरिंग और डिलीवरी में रोल्स-रॉयस के साथ पार्टनरशिप करने के अपने इरादे की घोषणा की। यानी आने वाले समय में रिलायंस ग्रुप देसी लड़ाकू विमानों के लिए इंजन बनाएगी।

रिलायंस ने इसकी जानकारी एक स्टॉक एक्सचेंज की फाइलिंग में दी और साथ ही एक प्रेस रिलीज भी शेयर की है। यह भारत की सबसे बड़ी निजी क्षेत्र की कंपनी और ब्रिटेन की प्रसिद्ध विमान इंजन निर्माता द्वारा देश में स्वदेशी लड़ाकू-जेट प्रणोदन क्षमता विकसित करने का एक प्रयास है। दोनों कंपनियों ने एक संयुक्त बयान में कहा कि वे भारत में एक समर्पित एयरोस्पेस गैस टर्बाइन कॉम्प्लेक्स बनाने की संभावना तलाशेंगी।

भारत में विकसित होगा एएमसीए इंजन

इसकी परिकल्पना विद्युत और प्रणोदन प्रौद्योगिकी के लिए एक उत्कृष्टता केंद्र के रूप में की गई है, जिसमें लड़ाकू इंजनों के डिजाइन, विकास, विनिर्माण, परीक्षण, उत्पादन और आजीवन सहयोग शामिल है। प्रस्तावित साझेदारी के तहत ब्रिटेन की प्रसिद्ध एयरो-इंजन विनिर्माता की तकनीक और विशेषज्ञता को रिलायंस की प्रौद्योगिकी, विनिर्माण और निष्पादन क्षमताओं के साथ जोड़कर भारत में एएमसीए इंजन विकसित किया जाएगा।

यह घोषणा इस गठबंधन को देश के रक्षा क्षेत्र द्वारा लड़ाकू विमान कार्यक्रम को शक्ति प्रदान करने के लिए एक स्वदेशी इंजन का उत्पादन करने के भारतीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान को आगे बढ़ाती है, जो व्यापक 'आत्मनिर्भर भारत' पहल का हिस्सा है।

रिलायंस इंडस्ट्रीज के कार्यकारी निदेशक अनंत अंबानी ने बयान में कहा, ''भारत की रणनीतिक स्वायत्तता के लिए महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों में संप्रभु क्षमता की आवश्यकता है।''

उन्होंने कहा कि यह साझेदारी भारत में एक एयरो-इंजन परिवेश बनाने के लिए रोल्स-रॉयस की विशेषज्ञता को रिलायंस की 'प्रौद्योगिकी, विनिर्माण, पैमाने और निष्पादन क्षमताओं' के साथ जोड़ेगी। रोल्स-रॉयस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) तुफान एरगिनबिलगिक ने कहा कि यह गठबंधन भारतीय उद्योग में रिलायंस की स्थिति के साथ ''उन्नत इंजीनियरिंग और सिद्ध इंजन विशेषज्ञता में हमारी सदी पुरानी विरासत'' को एक साथ लाता है।

उन्होंने इसे "'देश में एक मजबूत, आत्मनिर्भर एयरोस्पेस परिवेश के निर्माण की दिशा में एक मील का पत्थर'' बताया। दोनों कंपनियों ने कहा कि यह उद्यम एएमसीए इंजन से आगे बढते हुए रक्षा, सिविल एयरोस्पेस और नए बिजली व प्रणोदन प्रणालियों में व्यापक सहयोग के द्वार भी खोल सकता है।

एएमसीए भारत का स्वदेशी पांचवीं पीढ़ी का कार्यक्रम है। इसके लिए घरेलू स्तर पर उत्पादित इंजन विकसित करना देश के रक्षा प्रतिष्ठान का एक दीर्घकालिक लक्ष्य रहा है। इस समय देश लड़ाकू इंजनों के लिए विदेशी आपूर्तिकर्ताओं पर निर्भर है। रणनीतिक मंशा की घोषणा अपने आप में एक हस्ताक्षरित संयुक्त उद्यम या अनुबंध नहीं है। कंपनियों ने इसे प्रस्तावित गैस टर्बाइन परिसर के गठन की संभावनाएं तलाशने की दिशा में एक कदम बताया है।

यह भी पढ़ें- TATA Steel ने ₹100 में बेची अपनी कंपनी, अदाणी-अंबानी नहीं, पूर्व मुख्यमंत्री की बेटी है खरीदार