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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 26, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'ChatGPT जैसे एआइ प्लेटफार्म से नौकरियों पर कोई खतरा नहीं', TCS ने कहा- सहयोगी की तरह करेगा काम

By AgencyEdited By: Anurag Gupta
Updated: Sun, 26 Feb 2023 11:10 PM (IST)

चैटजीपीटी एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआइ) उपकरण है। आसान भाषा में कहें तो यह एक तरह का चैटबैट है जिसकी मदद से आप चैट कर सकते हैं। आप चैटजीपीटी से कोई भी सवाल पूछ सकते हैं और यह उसका उत्तर देगा।

ChatGPT जैसे एआइ प्लेटफार्म से नौकरियों पर कोई खतरा नहीं: TCS
ChatGPT जैसे एआइ प्लेटफार्म से नौकरियों पर कोई खतरा नहीं: TCS

मुंबई, पीटीआई। टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) का मानना है कि चैटजीपीटी से उभरते एआइ प्लेटफार्म से नौकरियों को कोई खतरा नहीं होगा और यह तकनीक कर्मचारियों के साथ सहयोगी के तौर पर काम करेगी।

मुख्य मानव संसाधन अधिकारी (सीएचआरओ) मिलिंद लक्कड़ का मानना है कि ऐसे टूल्स से उत्पादकता में सुधार होगा, लेकिन कंपनियों के कारोबारी माडल में कोई बदलाव नहीं होगा। लक्कड़ ने हाल ही में साक्षात्कार में कहा कि यह उत्पादक एआइ एक सहकर्मी की तरह होगा और उस सहकर्मी को ग्राहक के संदर्भ को समझने में समय लगेगा।

उन्होंने बताया कि नौकरी का अर्थ उद्योग केंद्रित या ग्राहक केंद्रित होता है, जो कर्मचारी ही आगे भी करेंगे और इस काम में ऐसे सहकर्मी (उत्पादक एआइ) सहायक होंगे। इससे नौकरियों में कोई बदलाव नहीं होगा, लेकिन नौकरियों की परिभाषा जरूर बदल जाएगी।

वहीं, जेनपेक्ट के संस्थापक प्रमोद भसीन ने चैटजीपीटी को क्रांतिकारी और बहुत लाभकारी बताया है। हालांकि, उनका कहना है कि कंपनियों और संस्थानों को कार्यस्थल पर कर्मियों द्वारा इसके उपयोग को लेकर जल्द से जल्द नियम और नीतियां बनानी होंगी।

क्या है चैटजीपीटी?

चैटजीपीटी एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआइ) उपकरण है। आसान भाषा में कहें तो यह एक तरह का चैटबैट है जिसकी मदद से आप चैट कर सकते हैं। आप चैटजीपीटी से कोई भी सवाल पूछ सकते हैं और यह उसका उत्तर देगा। हालांकि, चैटजीपीटी का जवाब उसके पास उपलब्ध जानकारी के आधार पर होगा। इसे सैन फ्रांसिस्को की एआइ कंपनी ओपनएआइ ने तैयार किया है।

चैटजीपीटी के इस्तेमाल का तरीका

चैटबोट का लिंक ओपेनएआइ के वेब पोर्टल पर उपलब्ध है। इसके लिए एंड्रायड स्मार्टफोन के वेब ब्राउजर का इस्तेमाल कर सकते हैं। फिलहाल, एंड्रायड और आईफोन के लिए यह स्टैंडअलोन एप के रूप में उपलब्ध नहीं है।

एआइ चैटबो सामान्य मानवीय भाषा को समझता है और मानव की तरह विस्तृत लेखन जैसे कार्य भी कर सकता है। ओपेनएआइ के मुताबिक, चैटजीपीटी मॉडल को मशीन लर्निंग टेक्नीक रिइनफोर्समेंट लर्निंग फ्राम ह्यूमन फीडबैक (आरएलएचएफ) के आधार पर विकसित किया गया है।