पीएम आवास योजना की दूसरी किस्त का वितरण शुरू, पश्चिम चंपारण में लाभुकों को मिल रहे एक-एक लाख
PMAY Urban Second Installment: पश्चिम चंपारण के रामनगर में प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी-2 के तहत दूसरी किस्त का वितरण शुरू हो गया है। पात्र लाभुकों के ...और पढ़ें

तय मानकों के अनुसार निर्माण कराने पर ही जा रही राशि। फाइल फोटो

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संवाद सूत्र, रामनगर (पश्चिम चंपारण)। PM Awas Yojana Urban: अपने निर्धारित मानक तक मकान का निर्माण कर दूसरी किस्त का इंतजार कर रहे लाभुकों के लिए राहत की खबर है।
नगर परिषद रामनगर को प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी-2 के तहत दूसरी किस्त की राशि प्राप्त हो गई है, जिसका वितरण बैंक खातों में शुरू कर दिया गया है। विभागीय मानकों को पूरा करने वाले लाभुकों के खाते में दूसरे किस्त के रूप में एक-एक लाख रुपये भेजे जा रहे हैं।
जिओ टैगिंग अनिवार्य
मुख्य रूप से उन लाभुकों को ही राशि दी जा रही है जिन्होंने तय मानकों के अनुसार निर्माण कर जिओ टैगिंग की प्रक्रिया पूरी कर ली है। छत ढलाई, पीएम आवास योजना का बोर्ड लगाने और अंतिम फिनिशिंग का कार्य पूरा होने पर लाभुकों को तीसरे किस्त के रूप में 50 हजार रुपये की अंतिम राशि दी जाएगी।
नगर परिषद सभापति गीता देवी ने बताया कि इस मद में करीब 4.77 करोड़ रुपये की राशि प्राप्त हुई है।
पहले चरण का रिकॉर्ड
नगर में पीएम आवास योजना शहरी फेज टू के तहत प्रथम किस्त के रूप में पूर्व में करीब 1361 लाभुकों को एक-एक लाख रुपये दिए गए थे। कुछेक तकनीकी मामलों को छोड़कर लगभग सभी पात्र अभ्यर्थियों को पहली किस्त की राशि हस्तांतरित की जा चुकी थी।
योजना का पारदर्शी संचालन सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों द्वारा लगातार निर्माण कार्यों का भौतिक सत्यापन भी किया जा रहा है।
क्या है पीएम आवास योजना?
प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी (PMAY-U) केंद्र सरकार की कल्याणकारी योजना है, जिसका उद्देश्य शहरी गरीबों को पक्का मकान उपलब्ध कराना है।
इसके तहत बेघर परिवारों या कच्चे मकानों में रहने वाले लोगों को मकान बनाने के लिए वित्तीय सहायता और होम लोन पर सब्सिडी दी जाती है। लाभार्थी आधारित निर्माण घटक के तहत पात्र व्यक्ति को कुल 2.50 लाख रुपये तक की सरकारी मदद सीधे बैंक खाते में मिलती है।
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पात्रता और जरूरी दस्तावेज
इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक के पास देश में कहीं भी पहले से पक्का मकान नहीं होना चाहिए। आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS), निम्न आय वर्ग (LIG) और मध्यम आय वर्ग (MIG) के परिवार इसके पात्र हैं।
योजना में महिला सशक्तीकरण के लिए मकान का स्वामित्व महिला सदस्य के नाम या संयुक्त होना अनिवार्य है। इसके लिए आधार कार्ड, बैंक पासबुक, आय प्रमाण पत्र और भूमि के दस्तावेज आवश्यक हैं।