यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 28, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Chirag Paswan: आनंद मोहन के चौके पर चिराग पासवान ने मारा छक्का, कह दी ऐसी बात कि मचेगा सियासी बवाल
Bihar Politics चिराग पासवान ने आनंद मोहन और उनके विधायक पुत्र चेतन आनंद के खिलाफ ऐसा बयान दिया है कि सियासी भूचाल मच सकता है। चिराग ने कहा कि चेतन के ...और पढ़ें

HighLights
- चिराग पासवान ने पूर्व सांसद आनंद मोहन के जख्म पर नमक छिड़कने का काम किया
- चिराग पासवान ने आनंद मोहन के बेटे चेतन आनंद पर भी जोरदार हमला बोला
राज्य ब्यूरो, जागरण, पटना। Bihar Political News Today: लोक जनशक्ति पार्टी-रामविलास के अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने आनंद मोहन और उनके विधायक पुत्र चेतन आनंद के बयान पर जोरदार हमला बोला है। चिराग पासवान (Chirag Paswan) ने कहा कि राजद से विधायक का चुनाव जीते चेतन के बयान से स्पष्ट है कि उनकी प्राथमिकता एनडीए को मजबूत करने के बजाय उसमें दरार डालने की है।
ऐसा प्रतीत होता है कि वो अभी भी अपने पुराने राजनीतिक गुरुजनों की विरासत को सहेज कर महागठबंधन की विचारधारा को परोक्ष रूप से समर्थन दे रहे हैं। चेतन आनंद पहले यह बताएं कि वह एनडीए के सदस्य के रूप में पूछ रहे हैं या महागठबंधन के प्रवक्ता के रूप में?
नीतीश कुमार की कृपा से आनंद मोहन जेल से बाहर आए हैं: चिराग पासवान
वहीं चिराग पासवान ने आनंद मोहन (Anand Mohan) के बारे में कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की कृपा से आनंद मोहन जेल से बाहर आए हैं और मुख्यमंत्री की वजह से उनके परिवार के सदस्य राजनीति में हैं। चिराग ने बुधवार को पत्रकारों से बातचीत में यह बात कही।
पत्रकारों ने चिराग से पूछा था कि आनंद मोहन ने कहा है कि विधानसभा उपचुनाव में गया की इमामगंज सीट पर राजग प्रत्याशी एवं केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी की बहू दीपा मांझी के लिए चिराग प्रचार करने नहीं गए। जबकि इस सीट पर जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार जितेंद्र पासवान को 37 हजार वोट मिले। यह चिराग पासवान के ऊपर सवालिया निशान हैं।
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आनंद मोहन संगीन आरोपों की वजह से जेल में थे: चिराग पासवान
इस पर पलटवार करते हुए चिराग ने कहा कि आनंद मोहन सक्रिय राजनीति से नहीं जुड़े हुए हैं। उनकी बात पर किसी तरह की प्रतिक्रिया देना जरूरी नहीं है। मुख्यमंत्री की कृपा पर वे जेल से बाहर आए हैं। संगीन आरोपों की वजह से वे जेल में थे। अब उसी समाज (दलित) के लोगों पर फिर से वे उंगली उठा रहे हैं।
लोजपा-रामविलास को आवंटित कार्यालय में गृह प्रवेश पूजा का आयोजन
वहीं, लोक जनशक्ति पार्टी-रामविलास को आवंटित कार्यालय में बुधवार को गृह प्रवेश पूजा का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पार्टी अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान सपरिवार शामिल हुए। इस अवसर पर सांसद अरुण भारती, प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी, प्रधान महासचिव संजय पासवान, संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष हुलास पांडेय, मुख्य प्रवक्ता राजेश भट्ट उपस्थित थे।
कौन हैं आनंद मोहन
- आनंद मोहन बिहार के सहरसा जिले के पचगछिया गांव से आते हैं।
- उनके दादा राम बहादुर सिंह एक स्वतंत्रता सेनानी थे।
- आनंद मोहन की राजनीति में एंट्री 1974 में लोकनायक जयप्रकाश नारायण के संपूर्ण क्रांति के दौरान हुई थी।
- आनंद मोहन राजनीति में महज 17 साल की उम्र में आ गये थे। जिसके बाद उन्होने कॉलेज की पढ़ाई छोड़ दी थी।
- इमरजेंसी के दौरान पहली बार 2 साल जेल में रहे।
- आनंद मोहन की बिहार की राजनीति में 1990 के दशक में तूती बोला करती थी।
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