मुजफ्फरपुर में 10 लाख रुपये लेकर फरार हुआ कर्मी, नेटवर्क और OTP का बहाना बनाता रहा
मुजफ्फरपुर में भगवानपुर चौक स्थित एक कैश लोडिंग एजेंसी से 10 लाख रुपये लेकर एक कर्मी फरार हो गया। आरोपी ...और पढ़ें

इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।
HighLights
मुजफ्फरपुर में कैश लोडिंग एजेंसी से 10 लाख की चोरी।
कर्मचारी ने नेटवर्क और ओटीपी का बहाना बनाकर टालमटोल की।
सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज, पुलिस आरोपी की तलाश में।
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। भगवानपुर चौक स्थित कैश लोडिंग एजेंसी से 10 लाख रुपये लेकर एक कर्मी अचानक फरार हो गया। चार दिन पहले कार्यालय से रकम लेने के बाद उसने पहले मोबाइल में नेटवर्क नहीं होने का बहाना बनाया।
इसके बाद ओटीपी नहीं आने की बात कहकर रकम खाते में ट्रांसफर करने को टालता रहा। आखिरकार रुपये जमा किए बिना ही गायब हो गया। मामले में सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
तीन वर्षों से एजेंसी में कर रहा था काम
पुलिस के अनुसार, आरोपित कर्मी एक फाइनेंस कंपनी से जुड़ा है और पिछले करीब तीन वर्षों से एजेंसी से कैश लेकर संबंधित खाते में राशि क्रेडिट करता था। इसी भरोसे के आधार पर उसे 10 लाख रुपये दिए गए थे। रकम लेने के बाद उसके व्यवहार में बदलाव आया और वह लगातार राशि जमा करने में टालमटोल करता रहा।
नेटवर्क से लेकर OTP तक बहाने
बताया गया कि रकम लेने के बाद आरोपित ने मोबाइल में नेटवर्क नहीं होने की बात कही। बाद में कार्यालय को बताया कि ओटीपी आते ही वह रुपये ट्रांसफर कर देगा। इसके बाद भी रकम खाते में नहीं पहुंची। जब एजेंसी की ओर से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उसका मोबाइल बंद मिलने लगा।
पत्नी ने फोन उठाया, नहीं दी जानकारी
आरोपित से संपर्क नहीं होने पर जब उसके मोबाइल पर काल की गई तो एक बार उसकी पत्नी ने फोन उठाया। हालांकि, उसने आरोपित के संबंध में कोई जानकारी देने से इनकार कर दिया। इसके बाद पुलिस को मामले की शिकायत की गई।
लकड़ीढाही का रहने वाला
आरोपित मूल रूप से सिकंदरपुर थाना क्षेत्र के लकड़ीढाही इलाके का रहने वाला बताया गया है। पुलिस उसकी तलाश के साथ ही रुपये के संबंध में भी जानकारी जुटा रही है।
पुलिस खंगाल रही पूरा घटनाक्रम
सदर थाने की पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। आरोपित ने रकम कब और कहां से ली, उसे कहां ले गया तथा रुपये किसी खाते में ट्रांसफर किए गए या नहीं, इन बिंदुओं पर जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
