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    गया-डाल्टेनगंज रेल लाइन से विकास को मिलेगी रफ्तार; एक दशक के संघर्ष के बाद मिली सफलता

    Updated: Mon, 25 May 2026 09:51 AM (IST)

    गया-डाल्टेनगंज नई रेल लाइन परियोजना को मंजूरी मिल गई है, जिससे बिहार और झारखंड के लोगों में खुशी है। यह 136.8 किमी लंबी परियोजना 446 करोड़ रुपये की ला ...और पढ़ें

    इमामगंज में रेलवे लाइन संघर्ष मोर्चा की बैठक में मौजूद लोग। सौ-आयोजक

    इमामगंज में रेलवे लाइन संघर्ष मोर्चा की बैठक में मौजूद लोग। सौ-आयोजक

    HighLights

    1. गया-डाल्टेनगंज नई रेल लाइन परियोजना को मिली मंजूरी।

    2. 136.8 किमी लंबी, 446 करोड़ रुपये की लागत।

    3. बिहार-झारखंड संपर्क मजबूत, क्षेत्र के विकास को गति।

    संवाद सूत्र, इमामगंज (गया)। बिहार और झारखंड के लोगों को  गया-डाल्टेनगंज नई रेललाइन की घोषणा से काफी खुशी मिली है। 

    डालटनगंज से रफीगंज तक नई रेलवे लाइन बिछाने की योजना को स्वीकृति मिल गई है। करीब 136.8 किलोमीटर लंबी इस रेल परियोजना के निर्माण के लिए 446 करोड़ रुपये का प्राक्कलन तैयार कर सरकार को भेज दिया गया है।

    नई रेल लाइन बनने से डालटनगंज से गया और पटना की दूरी काफी कम हो जाएगी, जिससे यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी।

    संघर्ष मोर्चा की बैठक में खुशी

    इस उपलब्धि पर खुशी जताने के लिए रविवार को गया-डाल्टेनगंज नई रेलवे लाइन निर्माण संघर्ष मोर्चा के बैनर तले संजय गांधी इंटर कॉलेज, इमामगंज परिसर में बैठक आयोजित की गई।

    बैठक की अध्यक्षता मोर्चा के प्रखंड अध्यक्ष दीपक रावत ने की। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि भारत सरकार के रेल मंत्रालय द्वारा परियोजना को स्वीकृति मिलना पिछले एक दशक से चल रहे संघर्ष और जनआंदोलन का परिणाम है।

    लोगों ने इसे क्षेत्र के विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया। वक्ताओं ने कहा कि इस रेल परियोजना को मंजूरी दिलाने में झारखंड के पूर्व डीजीपी सह पलामू सांसद बीडी राम की अहम भूमिका रही है।

    सांसद को क‍िया जाएगा सम्‍मानित 

    संघर्ष मोर्चा ने निर्णय लिया कि उन्हें इमामगंज बुलाकर सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया जाएगा। इसके लिए जल्द ही विशेष कार्यक्रम आयोजित करने की रणनीति तैयार की जा रही है।

    बैठक में मौजूद लोगों ने कहा कि नई रेल लाइन बनने से बिहार और झारखंड के बीच संपर्क मजबूत होगा। व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में भी इसका सकारात्मक असर देखने को मिलेगा।

    साथ ही क्षेत्र के दूरदराज इलाकों को रेल नेटवर्क से जोड़ने में मदद मिलेगी। मौके पर केंद्रीय अध्यक्ष बिगन पासवान, केंद्रीय प्रवक्ता श्रीमोहन यादव, भवानी सिंह, शंभू पहाड़िया, सुशांत कुमार, श‍िवा सिंह आदि मौजूद थे। 

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