बांका छेड़छाड़ कांड: बंगाल के हावड़ा जंक्शन से पकड़ा गया मुख्य आरोपी अब्दुल्लाह, मंदार में युवती से की थी दरिंदगी
बांका पुलिस ने मंदार पर्वत पर युवती से छेड़छाड़, ब्लैकमेलिंग और आपत्तिजनक वीडियो वायरल करने के मामले में त्वरित कार्रवाई ...और पढ़ें

बांका के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अमितेष कुमार ने गिरफ्तारी की जानकारी दी है।
HighLights
मंदार पर्वत छेड़छाड़ मामले में बांका पुलिस की त्वरित कार्रवाई।
मुख्य आरोपी अब्दुल्लाह हावड़ा रेलवे जंक्शन से गिरफ्तार।
42 सोशल मीडिया यूजर्स पर वीडियो वायरल करने का केस।
संवाद सहयोगी, बांका। बौंसी थाना क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक मंदार पर्वत परिसर में एक युवती के साथ अभद्र व्यवहार करने, ब्लैकमेलिंग कर रंगदारी वसूलने और आपत्तिजनक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने के सनसनीखेज मामले में बांका पुलिस ने चौतरफा शिकंजा कस दिया है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) अमितेश कुमार के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (SIT) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य तीनों नामजद आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है।
इसके साथ ही वारदात में संलिप्त दो विधि-विरुद्ध बालकों (नाबालिगों) को भी निरुद्ध किया गया है। दूसरी ओर, सोशल मीडिया पर इस वीडियो को प्रसारित करने वाले 41 'X' (पूर्व में ट्विटर) और एक इंस्टाग्राम यूजर के खिलाफ साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
एसपी अमितेश कुमार ने प्रेस वार्ता में बताया कि सोशल मीडिया पर मंदार पर्वत का एक आपत्तिजनक वीडियो वायरल होने की जानकारी मिलते ही पुलिस ने स्वतः संज्ञान लिया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए त्वरित अनुसंधान एवं छापेमारी के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया, जिसकी कमान बौंसी के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) इंद्रजीत बैठा को सौंपी गई।
घर छोड़ने के बहाने सुनसान पहाड़ी पर ले गए थे परिचित
एसपी ने पीड़िता के विस्तृत बयान के हवाले से बताया कि वह प्रतिदिन की तरह बौंसी बाजार से दूध वितरण कर घर लौट रही थी। 3 जून को घर वापसी के दौरान उसके ही गांव के दो परिचित युवक—अनंत कुमार (19) और विभीषण कुमार (20) ने उसे सुरक्षित घर छोड़ देने का भरोसा देकर अपनी दोपहिया गाड़ी पर बैठा लिया।
इसके बाद दोनों उसे घर न ले जाकर मंदार पर्वत के एक सुनसान हिस्से में ले गए और उसके साथ छेड़खानी व बदसलूकी शुरू कर दी। उसी दौरान वहां पांच अन्य स्थानीय युवक भी आ धमके। दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हुआ और इसी क्रम में उनमें से एक युवक ने मोबाइल से पूरी घटना का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया।
20 हजार की रंगदारी मांगी, खाते में भेजे गए 1500 रुपये
पुलिस जांच में ब्लैकमेलिंग और रंगदारी का तथ्य भी पुख्ता हुआ है। आरोपितों ने वीडियो सोशल मीडिया पर डालकर बदनाम करने की धमकी देते हुए 20 हजार रुपये की फिरौती मांगी। दबाव बढ़ने पर अनंत कुमार ने मु. अब्दुल्ला के खाते में 1500 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर किए और शेष राशि बाद में चुकाने का वादा किया। इसके बाद युवती और युवकों को वहां से जाने दिया गया। बाद में शेष राशि न मिलने पर यह वीडियो सुनियोजित तरीके से सोशल मीडिया पर प्रसारित कर दिया गया।
BNS की गंभीर धाराओं में केस, 42 सोशल मीडिया यूजर्स पर FIR
एसपी ने बताया कि इस पूरे मामले में तीन अलग-अलग कानूनी प्रक्रियाएं पूरी की गई हैं:
बौंसी थाना कांड सं. 253/26: पीड़िता की मां के आवेदन पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 74, 75, 76, 78, 79, 3(5) एवं आईटी एक्ट की धाराओं के तहत दर्ज किया गया।
बौंसी थाना कांड सं. 248/26: वायरल वीडियो पर स्वतः संज्ञान लेते हुए BNS की धारा 74, 75, 76, 3(5) तथा आईटी एक्ट की धारा 66E व 67A के तहत दर्ज हुआ।
साइबर थाना कांड सं. 29/26: सोशल मीडिया पर अश्लीलता व पीड़िता की गरिमा को ठेस पहुंचाते हुए वीडियो शेयर करने वाले 41 'X' (ट्विटर) हैंडल धारकों और एक इंस्टाग्राम यूजर को नामजद कर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है।
SIT में कई थानों की पुलिस शामिल, आमजन से अपील
एसडीपीओ इंद्रजीत बैठा के नेतृत्व वाली एसआईटी में बौंसी व बेलहर के एसडीपीओ, अंचल पुलिस निरीक्षक तथा बौंसी, बाराहाट, धोरैया और पंजवारा थानों के पुलिस अधिकारियों सहित जिला आसूचना इकाई (डीआईयू) की तकनीकी टीम शामिल रही।
एसपी अमितेश कुमार ने आम जनता और सोशल मीडिया यूजर्स से सख्त अपील की है कि किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक, अश्लील या अपराध से जुड़ी वीडियो-फोटो को सोशल मीडिया पर शेयर या फॉरवर्ड न करें। ऐसा कृत्य गंभीर संज्ञेय अपराध की श्रेणी में आता है। यदि ऐसी कोई सामग्री सामने आती है, तो तत्काल नजदीकी पुलिस थाने या साइबर सेल को सूचित करें।
