विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

शनि की साढ़ेसाती से बचाता है नीलम रत्न, लेकिन 6 राशियों को भूलकर भी नहीं करना चाहिए धारण

Published: Mon, 07 Sep 2026 04:04 PM (IST)

नीलम रत्न शनिदेव की कृपा और आर्थिक उन्नति के लिए लाभकारी है, लेकिन मेष, कर्क, सिंह, वृश्चिक, धनु और मीन राशि के जातकों को इसे धारण नहीं करना चाहिए।

किन राशियों के लिए वर्जित है नीलम रत्न? (Picture Credit: AI Generated)

किन राशियों के लिए वर्जित है नीलम रत्न? (Picture Credit: AI Generated)

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। रत्न शास्त्र में सभी रत्नों को अधिक महत्वपूर्ण माना जाता है। हर रत्न का संबंध किसी न किसी ग्रह से होता है। रत्न शास्त्र के अनुसार, नीलम रत्न का संबंध कर्म और न्याय के देवता शनिदेव से माना जाता है। इसलिए नीलम रत्न धारण करने से व्यक्ति को शनिदेव का आशीर्वाद प्राप्त होता है। साथ ही शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या के अशुभ प्रभावों से मुक्ति मिलती है।

वैसे तो यह रत्न कई राशियों के लिए फलदायी साबित होता है, लेकिन कुछ राशियों को इसे पहनने से बचना चाहिए, जिसकी वजह से आर्थिक नुकसान और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। आइए जानते हैं किन राशियों को भूलकर भी नीलम रत्न नहीं पहनना चाहिए

किन राशियों को नहीं पहनना चाहिए नीलम रत्न?

रत्न शास्त्र के अनुसार, मेष, कर्क, सिंह, वृश्चिक, धनु और मीन राशि के लोगों को नीलम रत्न न पहनने की सलाह दी जाती है।इसका मुख्य कारण यह है कि इन राशियों के स्वामी ग्रहों और शनिदेव के बीच शत्रुता का भाव होता है। ऐसा माना जाता है कि इन राशि के जातकों द्वारा नीलम रत्न पहनने से पारिवारिक जीवन में अशांति बनी रहती है और उन्हें स्वास्थ्य समस्याओं व मानसिक तनाव का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए, कोई भी रत्न पहनने से पहले किसी योग्य ज्योतिषी की सलाह जरूर लेनी चाहिए।

neelam stone  (1)

(Picture Credit: AI Generated)

नीलम रत्न पहनने के लाभ

  • ऐसा माना जाता है कि नीलम रत्न पहनने से आर्थिक उन्नति होती है और जातक को करियर में खूब तरक्की मिलती है।
  • विधिपूर्वक नीलम रत्न धारण करने से धन लाभ के योग बनते हैं और मानसिक शांति प्राप्त होती है।
  • जो लोग उचित विधि से नीलम रत्न पहनते हैं, उन्हें शनिदेव की कृपा प्राप्त होती है और कुंडली में शनि की स्थिति मजबूत होती है।

इन बातों का रखें ध्यान

  • नीलम रत्न को दाहिने हाथ की मध्यमा उंगली में पहनना चाहिए, क्योंकि यह उंगली सीधे शनि ग्रह से संबंधित है।
  • इस रत्न को पहनने के लिए शनिवार का दिन शुभ माना जाता है, क्योंकि यह दिन शनिदेव को समर्पित है।खंडित (टूटा या चटका हुआ) रत्न भूलकर भी नहीं पहनना चाहिए। इस तरह का रत्न पहनने से शुभ फल प्राप्त नहीं होते हैं।
  • नीलम रत्न पहनने वाले व्यक्ति को तामसिक चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए।

यह भी पढ़ें- सिर्फ 1 रत्न को पहनने से होगी धन की प्राप्ति, व्यापार और नौकरी में होगी खूब तरक्की

यह भी पढ़ें- साढ़ेसाती से परेशान हैं मेष राशि के जातक? यह खास रत्न पहनने से शनि के बुरे प्रभाव से मिलेगी राहत

अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण अंधविश्वास के खिलाफ है।