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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 11, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सत्यव्रत ने बढ़ाया बुजुर्ग कांग्रेसियों पर दबाव

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Updated: Thu, 11 Sep 2014 09:03 AM (GMT+05:30)

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सदस्य सत्यव्रत चतुर्वेदी ने अगले साल 65 वर्ष का होने के बाद सक्रिय राजनीति छोड़ने की बात कहकर पार्टी के बुजुर्ग नेत ...और पढ़ें

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नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सदस्य सत्यव्रत चतुर्वेदी ने अगले साल 65 वर्ष का होने के बाद सक्रिय राजनीति छोड़ने की बात कहकर पार्टी के बुजुर्ग नेताओं पर दबाव बढ़ा दिया है।

सूत्रों के मुताबिक, चतुर्वेदी ने इस बाबत कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को पत्र लिखा है। इसमें उन्होंने अगले वर्ष जनवरी में अपने 65 साल के होने का हवाला देते हुए राजनीति को अलविदा कहने की इच्छा जताई है। हालांकि, चतुर्वेदी ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि राज्यसभा सांसद के तौर पर बचे हुए चार साल के लिए वे काम करते रहेंगे। चतुर्वेदी के पत्र पर सोनिया के विदेश से लौटने के बाद फैसला होगा।

कांग्रेस सांसद ने लिखा है कि उनका मत है कि बुजुर्ग नेताओं को नई पीढ़ी के लिए रास्ता खाली कर देना चाहिए। चतुर्वेदी के इस पत्र से युवा बनाम अनुभवी नेतृत्व की बहस में और तेजी आएगी। एक तरफ जहां राहुल गांधी की अगुवाई में युवा नेतृत्व को कमान देने की बात कही जा रही है, वहीं कुछ वरिष्ठ नेताओं ने चुनाव में पार्टी के खराब प्रदर्शन के लिए राहुल गांधी के करीबी अधिकारियों पर परोक्ष रूप से निशाना साधा है।

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